Breaking News
Home / India / अमेरिका में भारतीय बुजुर्ग को पुलिस द्वारा प्रताड़ित करने के मामले में मुकदमा शुरू

अमेरिका में भारतीय बुजुर्ग को पुलिस द्वारा प्रताड़ित करने के मामले में मुकदमा शुरू

वाशिंगटन: अमेरिका की एक अदालत को बताया गया है कि इस साल की शुरुआत में एरिक पार्कर नामक अमेरिकी पुलिस अधिकारी की ज्यादती का शिकार हुए एक भारतीय बुजुर्ग ने गिड़गिड़ाते हुए कहा कि उन्हें अंग्रेजी नहीं आती। इसके बावजूद उन्हें धक्का देकर जमीन पर गिराया गया, जिससे 101 सेकंड के अंदर ही वह लकवाग्रस्त हो गए।

58 वर्षीय सुरेशभाई पर हमला करने और उन्हें आंशिक तौर पर लकवाग्रस्त करने के आरोपी पुलिस अधिकारी एरिक पार्कर के खिलाफ अलबामा में एक संघीय अदालत में इस सप्ताह फिर से मुकदमा शुरू किया गया। पार्कर पर छह फरवरी को काउंटी लाइन रोड के पास मैडिसन में पटेल के साथ हुई इस घटना में उनके नागरिक अधिकारों के हनन करने का आरोप है।

संघीय वकील ने बताया कि इस साल के शुरू में अपने नवजात पोते को देखने के लिए पटेल अलबामा में अपने बेटे के पास आए थे। इसी दौरान पुलिस ने उन्हें धक्का देकर जमीन पर गिराया, जिसके 101 सेकंड के अंदर ही वह लकवाग्रस्त हो गए। उन्होंने पांच बार गिड़गिड़ाते हुए यह कहा भी कि उन्हें अंग्रेजी नहीं आती।

अलबामा में पार्कर के खिलाफ जैसे ही फिर से मुकदमा शुरू किया गया, सहायक अमेरिकी अटॉर्नी रॉबर्ट पोजी ने जूरी से कहा कि बुजुर्ग ने पुलिस अधिकारी से पांच बार कहा कि उन्हें ‘अंग्रेजी नहीं आती’।

पोजी ने मंगलवार को संघीय जूरी को बताया कि पटेल ने तीन बार ‘इंडिया’ शब्द कहा और अपने बेटे के घर की ओर इशारा करते हुए अधिकारियों को उस ओर ले जाने की कोशिश की थी।

इसे एक मजबूत मामला बताते हुए पोजी ने पटेल के खिलाफ बलप्रयोग करने के लिए पार्कर को 10 साल जेल की सजा सुनाने की मांग की। पटेल को रीढ़ की हड्डी की सर्जरी करानी पड़ी थी। बहरहाल, अदालत में पार्कर की ओर से पेश हुए बचाव पक्ष के अटॉर्नी रॉबर्ट टुटेन ने जूरी से कहा कि पटेल की गलती के कारण ही पुलिस बलप्रयोग के लिए मजबूर हुई।

उन्होंने अदालत को बताया, ‘जब आप अमेरिका में आते हैं तब हम उम्मीद करते हैं कि लोग यहां के कानून का पालन करें और हमारी भाषा का इस्तेमाल करें। हर किसी की तरह पटेल से भी यही उम्मीद की जा रही थी।’ टुटेन ने दावा किया कि पटेल ‘स्टॉप’ शब्द का अर्थ जानते थे, बावजूद इसके पुलिस ने जब उनसे पूछताछ की कोशिश की तब वह दो कदम आगे बढ़ गए और फिर सात कदम इसके बाद नौ कदम और आगे बढ़ गए।

उन्होंने बताया कि इसके बाद पटेल अपने पॉकेट में पहुंचे, जहां संभवत: उन्होंने हथियार रखा होगा। पार्कर के मुकदमे की सुनवाई कर रही जूरी में 14 सदस्य थे, जिनमें 11 महिलाएं और तीन पुरुष थे।

सुनवाई के दौरान पोजी ने आरोप लगाया कि पार्कर ने पटेल को धमकी दी थी। घटना के वक्त पटेल टहलने के लिए निकले थे।

This entry passed through the Full-Text RSS service – if this is your content and you’re reading it on someone else’s site, please read the FAQ at fivefilters.org/content-only/faq.php#publishers.

RSS Feeds | Latest | NDTVKhabar.com